Mobile Phone Dispute: एक नए मोबाइल फोन की जिद कैसे पूरे परिवार को खत्म कर सकती है, इसका रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है। एक मामूली विवाद के बाद 18 साल के बेटे ने पहाड़ी से छलांग लगा दी। उसे पकड़ने की कोशिश में पिता भी नीचे गिर गए। आंखों के सामने पति और जवान बेटे को मौत के मुंह में जाते देख, गहरे सदमे में आई मां ने भी उसी पहाड़ी से कूदकर अपनी जान दे दी। महज कुछ ही सेकंड के अंदर तीन जिंदगियां खत्म हो गईं। इस खौफनाक घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
खवड्या पहाड़ी का वो खौफनाक मंजर
यह दिल दहला देने वाली घटना धुळे-सोलापूर राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे स्थित तीसगांव इलाके के पास खवड्या पहाड़ी पर हुई। यह इलाका वालूज MIDC पुलिस थाने के अंतर्गत आता है। यह पहाड़ी काफी खतरनाक मानी जाती है और इसके ठीक नीचे एक गहरी खदान है, जिसमें बड़े-बड़े पत्थर पड़े हुए हैं।
मृतकों की पहचान कुणाल चांदगुड़े (18-19 साल), उसके पिता मुरलीधर चांदगुड़े (48 साल) और मां संगीता चांदगुड़े (42 साल) के रूप में हुई है। यह परिवार मूल रूप से झाल्टा फाटा / देवलाई-सतारा इलाके का रहने वाला था।
नए मोबाइल की जिद से शुरू हुआ विवाद
जानकारी के मुताबिक, यह पूरी घटना एक छोटे से घरेलू विवाद से शुरू हुई थी। सुबह करीब 10 बजे कुणाल ने अपने माता-पिता से नया मोबाइल फोन दिलाने की मांग की। इसी बात को लेकर झगड़ा हुआ और कुणाल नाराज होकर घर से निकल गया। वह सीधे खवड्या पहाड़ी की चोटी पर जाकर खड़ा हो गया और वहां से सुसाइड करने की धमकी देने लगा।
3 घंटे तक चलता रहा रेस्क्यू का प्रयास
सुबह 10 बजे से लेकर दोपहर 1 बजे तक, करीब तीन घंटे तक कुणाल पहाड़ी के एकदम किनारे पर खड़ा रहा। इस दौरान उसके माता-पिता, पुलिस, दमकलकर्मी और आसपास के कई गांव वाले मौके पर पहुंच गए। सबने मिलकर उसे समझाने और नीचे उतारने की बहुत कोशिश की। दमकल विभाग ने उसे सुरक्षित बचाने के लिए पहाड़ी के नीचे सेफ्टी नेट लगाने की भी कोशिश की, लेकिन कुणाल लगातार अपनी जगह बदलता रहा, जिससे नेट लगाना मुश्किल हो गया।
पलक झपकते ही खत्म हो गया पूरा परिवार
दोपहर करीब 1 बजे, पिता मुरलीधर से बेटे की हालत देखी नहीं गई। वे हिम्मत करके बेटे के पास गए और उसे मनाने या पकड़ने की कोशिश करने लगे। लेकिन तभी कुणाल ने पहाड़ी से नीचे छलांग लगा दी। अपने बेटे को बचाने के चक्कर में पिता मुरलीधर का बैलेंस भी बिगड़ गया और वो भी फिसलकर सीधे खदान में जा गिरे।
अपनी आंखों के सामने पति और बेटे को इस तरह मौत की खाई में गिरते देख, मां संगीता गहरे सदमे में आ गईं। वे इस भयानक मंजर को बर्दाश्त नहीं कर पाईं और उन्होंने भी उसी वक्त पहाड़ी से नीचे छलांग लगा दी।
नीचे पड़े भारी पत्थरों पर गिरने की वजह से तीनों को गंभीर चोटें आईं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। वालूज MIDC पुलिस ने तीनों शवों को बरामद कर लिया है और उन्हें पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। इस पूरी घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें इस दर्दनाक वाकये का कुछ हिस्सा कैमरे में कैद हो गया है। एक मोबाइल फोन को लेकर शुरू हुए विवाद ने कुछ ही मिनटों में पूरे परिवार का हमेशा के लिए अंत कर दिया।

